आमजन बोले, शहर में हो रहे ज्यादातर निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण नहीं
फिरोजाबाद। फिरोजाबाद नगर निगम की मौजूदा महापौर कामिनी राठौर के कार्यकाल को लेकर शहर की जनता में असंतोष की लहर साफ नजर आ रही है। जिस उम्मीद के साथ जनता ने भारी मतों से उन्हें कुर्सी सौंपी थी, अब वही उम्मीदें निराशा में बदलती दिख रही हैं। शहर के प्रमुख मुद्दों जैसे साफ-सफाई, जल निकासी और सड़कों की खराब हालत और निर्माण कार्यों में धांधली एवं गुणवत्ता पूर्ण न होना को लेकर लोगों में यह भावना जोर पकड़ रही है कि महापौर राठौर को वोट देकर कहीं उन्होंने गलती तो नहीं कर दी।शहर में करोड़ों रुपए से विकास कार्य हो रहे हैं जिनकी गुणवत्ता को लेकर आम जनता सवाल उठा रही हैं।लेकिन जनता का धैर्य अब जवाब दे रहा है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि महापौर कामिनी राठौर जनता के इस असंतोष को कैसे दूर करती हैं और क्या वे फिर से जनता का विश्वास जीत पाती हैं।
महानगर के निवासियों ने बताया, “हमने सोचा था कि फिरोजाबाद में महापौर कामिनी राठौर के आने से हालात सुधरेंगे, लेकिन स्थिति पहले से भी बदतर हो गई है।”बारिश का मौसम आते ही शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति आम हो गई है। नालियों की नियमित सफाई न होने से पानी सड़कों पर जमा हो जाता है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।इसके साथ ही शहर में कई समस्या मौजूद है। नागरिकों ने बताया कि नगर निगम के निर्माण कार्य के निरीक्षण में महापौर एवं निर्माण के अधिकारियों के द्वारा केवल खानापूर्ति की जा रही है। नगर निगम के निर्माण कार्यों में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार हो रहा है। शहर में हो रहे ज्यादातर निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण नहीं हो रहे हैं। अधिकारी,नेता, क्लार्क और ठेकेदार के बीच कमीशनखोरी का खेल चल रहा है।
