पंकज दुबे/मुंबई
अदाणी इलेक्ट्रिसिटी, अदाणी फाउंडेशन और निमाया- फाउंडेशन फॉर फ्यूचर रेडी नारी ने मुंबई के श्री एमडी शाह महिला कॉलेज ऑफ आर्ट्स एण्‍ड कॉमर्स, मलाड में स्किल डेवलपमेंट (कौशल विकास) पर एक पायलट प्रोजेक्‍ट लॉन्‍च किया है। इस साझेदारी की मदद से मुंबई में कम संसाधनों वाले समाज से आने वालीं, लेकिन अपना कॅरियर बनाने की महत्‍वाकांक्षा रखने वाली महिलाओं को वर्कप्‍लेस कौशल से साझा किया जाएगा। इस प्रोग्राम का उद्देश्‍य नए-नए कौशल तथा टेक्‍नोलॉजी से नौकरियाँ पाने में इन महिलाओं की सहायता करना है।
उद्घाटन के दौरान हाउस ऑफ अनीता डोंगरे की फाउंडर एवं क्रिएटिव डायरेक्‍टर सुश्री अनीता डोंगरे, निमाया और प्रोजेक्‍ट नवेली की संस्‍थापक सुश्री नव्‍या नवेली नंदा, निमाया के निदेशक और वर्कवर्स के संस्‍थापक श्री सम्‍यक चक्रवर्ती और एमडी शाह महिला कॉलेज, मलाड की वाइस-प्रेसिडेंट सुश्री निशा सागर उपस्थित थे। उन्‍होंने स्‍टूडेंट्स को सफलता के लिये सॉफ्‍ट स्किल्‍स के महत्‍व के बारे में बताया और अपने कॅरियर के अनुभव साझा किये।
उद्घाटन सत्र में बात करते हुए, अदाणी फाउंडेशन के प्रवक्‍ता ने कहा, “अदाणी ग्रुप प्रशिक्षण एवं अपस्किलिंग से नागरिकों का जीवन बदलने के लिये प्रतिबद्ध है, जिससे उनका सशक्तिकरण होगा। स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम का पहला बैच साठ छात्राओं का होगा, जो बीसीए और बीएएमएम में अंतिम वर्ष की पढ़ाई कर रही हैं और सत्‍तर घंटे का ऑफलाइन तथा ऑनलाइन प्रशिक्षण लेंगी। यह प्रोग्राम लड़कियों को तार्किक चिंतन, सहकार्य, संवाद, भावनात्‍मक बौद्धिकता और व्‍यावसायिक सोच में सशक्‍त करने पर केन्द्रित है।”
सफलता के लिये सॉफ्‍ट स्किल्‍स के महत्‍व पर बात करते हुए, सुश्री नव्‍या नवेली नंदा और निमाया के निदेशक एवं वर्क वर्स के संस्‍थापक श्री सम्‍यक चक्रवर्ती ने कहा, “हम निमाया के साथ भागीदारी करने के लिये अदाणी इलेक्ट्रिसिटी और अदाणी फाउंडेशन के शुक्रगुजार हैं। हम कॉलेज के अंतिम वर्ष की उन छात्राओं के लिये प्रशिक्षण की व्‍यवस्‍था कर रहे हैं, जिनकी परिस्थितियाँ बाधक हैं। सत्‍तर घंटों का आनुभविक एवं रोचक प्रशिक्षण कार्यक्रम 30 दिनों के लिये होगा। इसमें ज्ञात व्‍यवहार कौशल, जैसे कि प्रभावी मौखिक एवं लिखित संवाद, आत्‍मविश्‍वास का निर्माण एवं आत्‍म-जागरूकता, अंतर्व्‍यक्तिगत सम्‍बंध, टीम के साथ काम करना, समस्‍याओं को हल करने की कुशलताएं, तार्किक चिंतन, कार्यस्‍थल प्रतिस्‍पर्द्धा, डिजिटल निपुणता और आर्थिक साक्षरता (मास्‍टरक्‍लासेस द्वारा) में प्रशिक्षण शामिल है। कार्यस्‍थल की समझ एवं भूमिकाओं के रूप में गतिविधियाँ और प्रमुख पेशवरों के विशेषज्ञतापूर्ण अतिथि व्‍याख्‍यान भी होंगे।”
Share.
Exit mobile version